Devasthan Department, Rajasthan
 

 

Download PDF

राजस्थान सरकार
देवस्थान विभाग

सिन्धु दर्शन तीर्थयात्रा

1

योजना का नाम

सिन्धु दर्शन तीर्थयात्रा

2

योजना प्रारंभ वर्ष

1 अप्रेल, 2016 से

3

योजना का उद्देश्य व संक्षिप्त विवरण

भारत के लद्दाख स्थित सिन्धु दर्शन की तीर्थयात्रा पर जाने वाला तीर्थयात्री को सहायता

4

तीर्थ यात्रा हेतु अनुदान राशि

यात्रा पर हुए व्यय के 50 प्रतिशत की प्रतिपूर्ति अधिकतम 10,000/- प्रति तीर्थयात्री तक

5

योजना में कुल लाभर्थियों की विभागीय सीमा

200 तीर्थयात्री
तीर्थयात्रा हेतु अधिक आवेदक होने पर लाटरी द्वारा चयन

6

योजना की शर्ते/पात्रता

(1) तीर्थयात्री राजस्थान का मूल निवासी हो।
(2) उम्र 60 वर्ष से कम न हो।
(3) भिक्षावृति पर जीवन यापन करने वाला न हो।
(4) आयकरदाता न हो।
(5) केन्द्र सरकार/राज्य सरकार/केन्द्र व राज्य सरकार के उपक्रम/स्थानीय निकाय से सेवानिवृत्त कर्मचारी/अधिकारी नहीं हो।
(6) यात्रा हेतु शारीरिक एवं मानसिक रूप से सक्षम हो और किसी संक्रामक रोग यथा टी0बी0, कांजिस्टिव कार्डियक, श्वास में अवरोध संबंधी बीमारी, Coronary अपर्याप्तता, Coronary thrombosis मानसिक व्याधि,संक्रामक कुष्ठ आदि से ग्रसित न हो।
नोटः- देवस्थान विभाग, राजस्थान द्वारा चयनित व्यक्ति ही योजना का लाभ प्राप्त करने का पात्र है।

7

आवेदन की प्रक्रिया

आवेदन की प्रक्रिया आनलाइन होगी, जिसकी तिथि विभागीय विज्ञप्ति अनुसार घोषित की जायेगी। सहायता अनुदान हेतु आवेदन-पत्र वांछित दस्तावेज सहित यात्रा करने के दो माह के अन्दर  जमा कराना होगा।
ऑफलाइन की स्थिति में सहायता अनुदान हेतु आवेदन-पत्र विभागीय वेबसाईट से अपलोड कर सहायक आयुक्त कार्यालय देवस्थान विभाग में जमा कराना होगा।

8

आवेदन के साथ वांछित दस्तावेज

  1. राजस्थान के मूल निवास प्रमाण पत्र की प्रमाणित फोटो प्रति।
  2. जन्म प्रमाण-पत्र
  3. आधार कार्ड/मतदाता पहचान-पत्र/ भामशाह कार्ड की फोटो प्रति।
  4. लद्दाख स्थित सरकारी विभाग/समाज का रजिस्टर्ड ट्रस्ट या गठित कमेटी का सत्यापित प्रमाण-पत्र।

9

चयन व आवंटन की पक्रिया

(1) राजस्थान के ऐसे व्यक्ति जिन्हें देवस्थान विभाग द्वारा चयनित व्यक्ति की सूची में स्थान पाते हुए उनके द्वारा लद्दाख स्थित सिन्धु दर्शन की यात्रा पूर्ण कर ली हो तो उन्हें यात्रा उपरान्त यात्रा पर हुए वास्तविक व्यय का प्रमाण पत्र (टिकट, रसीदें इत्यादि) प्रस्तुत करना होगा और ऐसी यात्रा पर हुए 50 प्रतिशत की प्रतिपूर्ति अधिकतम 10,000/- प्रति तीर्थ यात्री तक राज्य शासन द्वारा की जायेगी।
(2) अनुदान प्राप्त करने हेतु पात्र व्यक्ति अपने दावे निर्धारित प्रपत्र में प्रमाणित अभिलेख सहित आनलाइन/संबंधित सहायक आयुक्त को यात्रा समाप्ति के 60 दिवस की समयावधि में प्रस्तुत करेगा।
(3) निर्धारित तिथि तक प्राप्त प्रार्थना पत्रों एवं दस्तावेजों का सहायक आयुक्त देवस्थान द्वारा परीक्षण कर पात्र यात्रियों के आवेदन पत्र मय सूची आयुक्त, देवस्थान कार्यालय उदयपुर को भिजवाये जायेंगे।
(4) यदि निर्धारित कोटे से अधिक संख्या में आवेदन प्राप्त होते हैं, तो लाटरी (कम्प्यूटराईज्ड ड्रा आफ लाट्स) द्वारा यात्रियों का चयन किया जायेगा।
(5) लाटरी निकालते समय आवेदक के आवेदन के साथ उसकी पत्नी अथवा पति (यदि उनके द्वारा भी यात्रा कर ली हो) को एक मानते हुए लाटरी निकाली जायेगी एवं लाटरी में चयन होने पर दोनों अनुदान के पात्र होंगे।
(6) जीवन काल में केवल एक बार अनुदान प्राप्त करने की पात्रता होगी।

10

राशि का भुगतान

सहायता राशि का भुगतान आनलाईन बैंक अकाउन्ट में किया जायेगा। विभागीय स्थिति अनुसार बैंकर चैक/डिमाण्ड ड्राफ्ट (Account Payee) द्वारा किया जाएगा।

11

स्वीकृतिकर्ता अधिकारी

समस्त सहायक आयुक्त, देवस्थान विभाग। (वृन्दावन के अतिरिक्त)

12

संपर्क सूत्र

संबंधित उपखण्ड अधिकारी/सहायक आयुक्त, देवस्थान विभाग।

 

नोट:-

उक्त विवरण केवल सरल संकेतक है। योजना संबंधी अन्य शर्तों, प्रावधानों के लिये मूल विभागीय आदेश व परिपत्रों का अवलोकन करें। विभाग द्वारा नियमों के अध्यधीन उपनियम बनाए जा सकेंगे।
योजना संबंधी किसी भी बिन्दु पर समस्या समाधान आयुक्त कार्यालय देवस्थान विभाग, उदयपुर से किया जा सकेगा।
इस योजना के किसी भी दिशा निर्देश, आदेश की व्याख्या के लिये देवस्थान विभाग राजस्थान सरकार का विनिश्चय अन्तिम होगा।

 

Nodal Officer:- Sh. Jatin Gandhi, Dy. Commissioner Devasthan Department, Udaipur

Telephone No.: 0294-2524813 (Office), Mobile No.: - 94136-64373

Designed & Developed By RISL Last Updated : 27.07.2017